Sunday, May 3, 2015

T 1854 - From my FB : " पाँव सूखे हुए पत्तों पर अदब से रखना..... धूप में माँगी थी तुमने पनाह इनसे कभी...."


@SrBachchan: T 1854 - From my FB : " पाँव सूखे हुए पत्तों पर अदब से रखना..... धूप में माँगी थी तुमने पनाह इनसे कभी...." http://pic.twitter.com/19tHxkThOI

No comments:

Post a Comment